रांची: झारखंड में JPSC-JSSC से जुड़ी नियुक्तियों में कथित गड़बड़ी की जांच अब और तेज होती नजर आ रही है। मामले की जांच कर रही CID की टीम करीब डेढ़ दर्जन ऐसे सफल अभ्यर्थियों पर विशेष नजर रख रही है, जिनकी भूमिका या चयन प्रक्रिया को लेकर जांच एजेंसी को संदेह है। इन अभ्यर्थियों से जुड़े दस्तावेजों और अन्य महत्वपूर्ण जानकारियों को खंगाला जा रहा है।
जांच के दौरान मनी ट्रेल पर भी विशेष फोकस किया जा रहा है। एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि कथित तौर पर किसी अभ्यर्थी से पैसे का लेन-देन हुआ या नहीं और यदि हुआ तो रकम किस माध्यम से और किन लोगों तक पहुंची। बैंक खातों में हुए लेन-देन, संदिग्ध भुगतान और आर्थिक गतिविधियों से जुड़े रिकॉर्ड की जांच की जा रही है।
चयन प्रक्रिया से जुड़े दस्तावेजों की भी जांच
CID की जांच में केवल आर्थिक लेन-देन ही नहीं, बल्कि सफल अभ्यर्थियों की शैक्षणिक योग्यता, आवेदन से जुड़े रिकॉर्ड, परीक्षा में प्रदर्शन और चयन प्रक्रिया से संबंधित दस्तावेजों की भी पड़ताल की जा रही है। एजेंसी यह मिलान करने की कोशिश कर रही है कि परीक्षा और नियुक्ति की पूरी प्रक्रिया निर्धारित नियमों के अनुसार हुई थी या नहीं।
जांच के दायरे में आने वाले अभ्यर्थियों से जुड़े मोबाइल नंबर, संपर्क और अन्य उपलब्ध जानकारियों की भी जांच की जा सकती है। जरूरत पड़ने पर संबंधित लोगों से पूछताछ कर उनके बयान दर्ज किए जा सकते हैं।
पैसे के लेन-देन की कड़ी जोड़ने में जुटी एजेंसी
मामले में सबसे अहम पहलू कथित आर्थिक लेन-देन को माना जा रहा है। CID यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि अगर नियुक्ति में किसी तरह की अनियमितता या पैसों का इस्तेमाल हुआ, तो उसके पीछे कौन लोग थे और रकम किन माध्यमों से इधर-उधर की गई।
जांच एजेंसी संभावित मनी ट्रेल को जोड़ने के लिए बैंकिंग रिकॉर्ड और अन्य वित्तीय जानकारियों का विश्लेषण कर रही है। इससे यह स्पष्ट करने में मदद मिल सकती है कि किसी अभ्यर्थी और बिचौलिये या अन्य संदिग्ध व्यक्ति के बीच आर्थिक संबंध थे या नहीं।
जांच पूरी होने के बाद सामने आ सकती है तस्वीर
फिलहाल CID की जांच जारी है और जांच के दायरे में आए सभी अभ्यर्थियों को दोषी मानना जल्दबाजी होगी। एजेंसी तथ्यों और दस्तावेजों के आधार पर पूरे मामले की कड़ियां जोड़ रही है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि नियुक्ति प्रक्रिया में वास्तव में किस स्तर पर गड़बड़ी हुई और इसमें किन लोगों की भूमिका रही।
मामले में आगे और लोगों से पूछताछ तथा दस्तावेजों की जांच की संभावना है। CID की कार्रवाई पर अब अभ्यर्थियों के साथ-साथ JPSC-JSSC की नियुक्ति प्रक्रिया से जुड़े लोगों की भी नजर बनी हुई है।


