देवघर: श्रावणी मेले में बाबा बैद्यनाथ के दर्शन के लिए उमड़ रही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बीच देवघर जिला प्रशासन ने स्थानीय लोगों के लिए बड़ी राहत की पहल की है। प्रशासन की विशेष व्यवस्था के तहत बुधवार को सुबह 9 बजे के बाद देवघर के स्थानीय निवासी निःशुल्क शीघ्र दर्शनम के माध्यम से बाबा बैद्यनाथ का जलार्पण कर रहे हैं। इस पहल के बाद स्थानीय श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है।
स्थानीय श्रद्धालुओं के लिए शुल्क माफ
प्रशासन की ओर से की गई इस व्यवस्था के तहत स्थानीय लोगों को शीघ्र दर्शन के लिए निर्धारित शुल्क का भुगतान नहीं करना पड़ रहा है। स्थानीय निवासी अपने पहचान पत्र के आधार पर इस सुविधा का लाभ उठा रहे हैं। इसके लिए श्रद्धालुओं को आधार कार्ड, पैन कार्ड या वोटर आईडी जैसे स्थानीय पहचान पत्र दिखाना अनिवार्य किया गया है।
पहचान पत्र के सत्यापन के बाद स्थानीय श्रद्धालुओं को निःशुल्क शीघ्र दर्शन की सुविधा दी जा रही है। इससे उन्हें लंबी कतार और सामान्य दर्शन व्यवस्था में लगने वाले समय से राहत मिल रही है।
भारी भीड़ के बीच प्रशासन की विशेष पहल
श्रावणी मेले के दौरान देश के अलग-अलग हिस्सों से लाखों श्रद्धालु देवघर पहुंचते हैं। बाबा बैद्यनाथ मंदिर में जलार्पण के लिए श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगती हैं। ऐसे में स्थानीय लोगों के लिए अलग से निःशुल्क शीघ्र दर्शन की व्यवस्था को प्रशासन की ओर से महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
बुधवार सुबह से ही बड़ी संख्या में स्थानीय श्रद्धालु इस सुविधा का लाभ लेने के लिए पहुंच रहे हैं। पहचान पत्र दिखाने के बाद उन्हें शीघ्र दर्शन की प्रक्रिया के तहत मंदिर में प्रवेश दिया जा रहा है।
स्थानीय लोगों ने जताई खुशी
प्रशासन की इस पहल से स्थानीय श्रद्धालुओं में खुशी का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सावन के दौरान मंदिर में अत्यधिक भीड़ होने के कारण बाबा बैद्यनाथ का दर्शन करना मुश्किल हो जाता है। ऐसे में प्रशासन द्वारा स्थानीय निवासियों के लिए निःशुल्क शीघ्र दर्शन की सुविधा उपलब्ध कराना सराहनीय कदम है।
श्रद्धालुओं का कहना है कि इससे स्थानीय लोगों को कम समय में बाबा का दर्शन और जलार्पण करने का अवसर मिल रहा है। साथ ही मेले की भीड़ के बीच प्रशासन ने स्थानीय निवासियों की सुविधा को ध्यान में रखा है।
आज एक दिन के लिए लागू है सुविधा
जानकारी के अनुसार, निःशुल्क शीघ्र दर्शन की यह विशेष सुविधा आज एक दिन के लिए लागू की गई है। स्थानीय श्रद्धालुओं को सुविधा का लाभ लेने के लिए निर्धारित पहचान पत्र साथ रखना होगा। पहचान पत्र के आधार पर ही स्थानीय निवासी होने की पुष्टि की जाएगी।
श्रावणी मेले को लेकर जिला प्रशासन और मंदिर प्रबंधन की ओर से श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के लिए लगातार व्यवस्थाएं की जा रही हैं। भीड़ को नियंत्रित करने, कतार व्यवस्था बनाए रखने और श्रद्धालुओं को सुगम दर्शन कराने के लिए सुरक्षाकर्मियों की भी तैनाती की गई है।


