रांची: बंगाल की खाड़ी में बन रहे निम्न दबाव के क्षेत्र के चक्रवाती तूफान में बदलने की आशंका के बीच झारखंड में खराब मौसम का खतरा बढ़ गया है। मौसम पूर्वानुमान के मुताबिक, 28 और 29 अक्टूबर को राज्य के कई हिस्सों में तेज हवाएं चलने, वज्रपात होने और भारी बारिश की संभावना है। इसका असर 30 अक्टूबर तक बने रहने का अनुमान है।
बंगाल की खाड़ी में बन रहा चक्रवाती सिस्टम
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, 23 अक्टूबर की सुबह पूर्व-मध्य और उससे सटे दक्षिण-पूर्व बंगाल की खाड़ी में निम्न दबाव का क्षेत्र बना। इसके 24 अक्टूबर तक अवदाब और 25 अक्टूबर तक गहरे अवदाब में बदलने की संभावना जताई गई है। पूर्वानुमान के मुताबिक, 26 अक्टूबर तक यह चक्रवाती तूफान का रूप ले सकता है।
इसके 28 अक्टूबर की सुबह तक उत्तरी आंध्र प्रदेश और दक्षिणी ओडिशा के तटीय इलाकों के करीब पहुंचने का अनुमान है। इस मौसमी सिस्टम का असर झारखंड में 27 अक्टूबर से दिखने की संभावना है।
इन इलाकों में ज्यादा असर की आशंका
मौसम में बदलाव के साथ राज्य में बादलों की आवाजाही बढ़ सकती है। दक्षिणी, दक्षिण-पूर्वी, उत्तर-पूर्वी और मध्य झारखंड में इसका प्रभाव अधिक रहने की आशंका है। 28 और 29 अक्टूबर को तेज हवाओं, वज्रपात और भारी बारिश के कारण जनजीवन प्रभावित हो सकता है। 30 अक्टूबर को भी कई इलाकों में खराब मौसम बने रहने का अनुमान है।
पूर्वानुमान के अनुसार, एक नवंबर से मौसमी प्रणाली के उत्तर प्रदेश और नेपाल की ओर बढ़ने पर झारखंड में इसका प्रभाव कम हो सकता है।
किसानों को सतर्क रहने की सलाह
मौसम में संभावित बदलाव को देखते हुए किसानों को धान की पकी फसल और सब्जियों की सुरक्षा के लिए पहले से तैयारी करने की सलाह दी गई है। तेज हवा और बारिश से फसलों को नुकसान हो सकता है। वज्रपात की आशंका के दौरान लोगों को खुले मैदानों और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचना चाहिए तथा गरज-चमक के समय सुरक्षित स्थान पर रहना चाहिए।
फिलहाल, मौसम की स्थिति पर नजर रखना जरूरी है। लोगों को सलाह दी जाती है कि बाहर निकलने से पहले मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान और स्थानीय चेतावनियों की जानकारी जरझझारखंड में 28-29 अक्टूबर को बिगड़ेगा मौसम! तेज हवा, वज्रपात और भारी बारिश का अलर्ट

