चंदनकियारी: जेएसडब्ल्यू स्टील के पर्वतपुर कोल ब्लॉक में 121 रैयत मजदूरों के नियोजन और रोजगार की मांग को लेकर बीजेपी के बैनर तले शुरू हुआ आंदोलन पांचवें दिन भी जारी रहा। रैयतों और मजदूरों ने अपनी मांगों को लेकर धरना जारी रखते हुए कंपनी प्रबंधन के खिलाफ नाराजगी जाहिर की है। वहीं, आंदोलन के उग्र होने और अनिश्चितकालीन गेट जाम की घोषणा को देखते हुए प्रशासन ने कोल ब्लॉक परिसर के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है।
जानकारी के अनुसार, पर्वतपुर कोल ब्लॉक में प्रभावित 121 रैयत मजदूर लंबे समय से नियोजन और रोजगार की मांग कर रहे हैं। इसी मांग को लेकर बीजेपी के बैनर तले रैयतों ने आंदोलन शुरू किया है। शुक्रवार को आंदोलन पांचवें दिन भी जारी रहा। धरना दे रहे रैयतों का कहना है कि कंपनी प्रबंधन की ओर से पूर्व में वार्ता की गई, लेकिन अब तक उनकी मांगों पर कोई ठोस पहल नहीं हुई है। इससे प्रभावित परिवारों और मजदूरों में असंतोष बढ़ता जा रहा है।
कोल ब्लॉक के 50 मीटर के दायरे में निषेधाज्ञा लागू
आंदोलन को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के लिहाज से विशेष इंतजाम किए हैं। 29 अक्टूबर से अगले आदेश तक पर्वतपुर कोल ब्लॉक के 50 मीटर के दायरे में निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है। इसके साथ ही कोल ब्लॉक परिसर के आसपास भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके।
प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था मजबूत किए जाने के बाद रैयत और मजदूर कोल ब्लॉक से करीब 100 मीटर की दूरी पर निर्धारित धरना स्थल पर बैठकर अपना विरोध जता रहे हैं। आंदोलनकारियों का कहना है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगों को लेकर धरना दे रहे हैं और जब तक उनकी समस्याओं का समाधान नहीं होता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
प्रबंधन पर वादे पूरे नहीं करने का आरोप
धरना दे रहे रैयतों का आरोप है कि कंपनी प्रबंधन ने बातचीत के दौरान उनकी मांगों पर विचार करने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक नियोजन और रोजगार को लेकर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है। रैयतों की मांग है कि कंपनी प्रबंधन अपने पूर्व के वादों को पूरा करे और प्रभावित 121 रैयत मजदूरों को नियोजन देने की प्रक्रिया तत्काल शुरू करे।
आंदोलनकारियों का कहना है कि कोल ब्लॉक परियोजना के लिए उनकी जमीन ली गई है, लेकिन प्रभावित परिवारों को रोजगार और नियोजन का उचित लाभ नहीं मिल पा रहा है। ऐसे में उनके सामने आजीविका का संकट बना हुआ है। इसी मुद्दे को लेकर रैयत अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं।
धरना स्थल पर पहुंचेंगे सांसद ढुलू महतो और अमर बाउरी
इस आंदोलन को लेकर राजनीतिक गतिविधियां भी तेज हो रही हैं। जानकारी के अनुसार, शनिवार को धरना स्थल पर सांसद ढुलू महतो और झारखंड विधानसभा के पूर्व नेता प्रतिपक्ष अमर बाउरी पहुंचेंगे। दोनों नेताओं के धरना स्थल पर पहुंचने से आंदोलन को राजनीतिक समर्थन मिलने की संभावना है। इस दौरान वे रैयतों और मजदूरों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं को सुनेंगे।
फिलहाल पर्वतपुर कोल ब्लॉक में रैयतों का धरना पांचवें दिन भी जारी है। एक तरफ रैयत मजदूर नियोजन और रोजगार की मांग पर अड़े हैं, तो दूसरी तरफ प्रशासन सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए सतर्क है। अब देखना होगा कि कंपनी प्रबंधन और आंदोलनकारियों के बीच बातचीत से कोई समाधान निकलता है या यह आंदोलन आगे भी जारी रहता है।

