चतरा: नवरात्र और दशहरा पर्व से पहले चतरा जिले में अवैध शराब के कारोबार के खिलाफ उत्पाद विभाग और पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। वशिष्ठनगर थाना क्षेत्र के औरवा-होसिल में छापेमारी कर टीम ने कथित तौर पर संचालित हो रही नकली विदेशी शराब की एक मिनी फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है। कार्रवाई के दौरान भारी मात्रा में तैयार नकली शराब के साथ स्पिरिट, कैरेमल, खाली बोतलें, ब्रांडेड लेबल, ढक्कन और शराब तैयार करने में इस्तेमाल होने वाली मशीनें बरामद की गई हैं।
यह कार्रवाई उपायुक्त रवि आनंद के निर्देश पर गठित टीम ने की। उत्पाद विभाग और वशिष्ठनगर जोरी पुलिस की संयुक्त टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर औरवा-होसिल में छापेमारी की। उत्पाद अधीक्षक प्रेम प्रकाश उरांव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कार्रवाई की जानकारी दी।
विभाग के अनुसार, दिलीप यादव उर्फ करण यादव के घर में कथित तौर पर अवैध तरीके से विदेशी शराब तैयार की जा रही थी। आरोप है कि स्पिरिट में कैरेमल और एसेंस मिलाकर नकली शराब तैयार की जाती थी। इसके बाद इसे कथित तौर पर रॉयल सतज, रॉयल चैलेंज और आइकॉनिक वाइट जैसे ब्रांडों की बोतलों में भरा जाता था। बोतलों पर नकली लेबल और होलोग्राम लगाकर उन्हें बाजार में खपाने की तैयारी की जा रही थी।
छापेमारी में क्या-क्या मिला?
उत्पाद विभाग के मुताबिक, कार्रवाई के दौरान कुल 391 पेटी बोतलबंद शराब बरामद की गई। इनमें करीब 9,888 बोतलों में लगभग 3,500 लीटर शराब होने की जानकारी दी गई है।
इसके अलावा टीम ने करीब 1,600 लीटर स्पिरिट, लगभग 2,000 लीटर तैयार रंगीन शराब और करीब 40 लीटर कैरेमल बरामद किया है। मौके से बड़ी संख्या में ब्रांडेड शराब के लेबल, ढक्कन, एडहैसिव और खाली बोतलें भी मिली हैं।
शराब की बोतलों पर पंचिंग और पैकिंग के लिए इस्तेमाल होने वाली तीन मशीनें भी टीम ने जब्त की हैं। बरामद सामग्री को देखकर विभाग ने आशंका जताई है कि यहां तैयार की गई नकली शराब को आगामी त्योहारों के दौरान बाजार में खपाने की तैयारी थी।
टीम को देखते ही आरोपी फरार
छापेमारी के दौरान कार्रवाई की भनक लगते ही घटना में शामिल बताए जा रहे आरोपी मौके से फरार हो गए। पुलिस और उत्पाद विभाग की टीम उनकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है।
मामले में दिलीप यादव, अरुण कुमार तिवारी और मिथिलेश कुमार यादव समेत अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ झारखंड उत्पाद अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस और उत्पाद विभाग अब पूरे नेटवर्क की जांच में जुटे हैं कि नकली शराब के निर्माण और सप्लाई में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।
उत्पाद अधीक्षक प्रेम प्रकाश उरांव ने बताया कि त्योहारों को देखते हुए जिले में अवैध शराब के निर्माण, भंडारण और बिक्री के खिलाफ अभियान तेज किया गया है। उन्होंने कहा कि जिले में आगे भी इसी तरह लगातार छापेमारी की जाएगी।
इस कार्रवाई में अवर निरीक्षक उत्पाद अभिषेक आनंद, अवर निरीक्षक उत्पाद अनूप प्रकाश, उत्पाद आरक्षी, गृह रक्षक बल, महिला गृह रक्षक और वशिष्ठनगर थाना पुलिस की टीम शामिल रही।


